Wednesday, 9 September 2015

दिनांक 09 सितंबर 2015

जिला जनसंपर्क कार्यालय, देवास

                    ॥ स मा चा र॥        

फोटो- संलग्न

सफलता की कहानी
सीवनपानी गांव में पल रहे कड़कनाथ के चूजे
       देवास 09 सितंबर 2015/ उदयनगर से दो किलोमीटर की दूरी पर बसे छोटे से गांव सीवनपानी में मप्र की प्रसिद्ध कड़कनाथ प्रजाति के संरक्षण का काम चल रहा है। काले मुर्गे की यह प्रजाति झाबुआ जिले में ही पाई जाती है। कलेक्टर आशुतोष अवस्थी की पहल पर पशुपालन विभाग ने कृषि विभाग की आत्मा परियोजना के सहयोग से इस गांव में कड़कनाथ का प्रोजेक्ट हाथ में लिया है।
       आत्मा परियोजना के तहत इस गांव में 42 मुर्गीपालकों का चयन किया गया। प्रथम चरण में 26 ग्रामीणों को 30 जून 2015 को चूजे दिए गए। गांव के कुल 1040 कड़कनाथ के चूजे दिए गए हैं। इन्हें अभी दड़बों में रखा गया है। परियोजना निर्देशक आत्मा यू.एस. जादौन बताते है कि सभी हितग्राही बीपीएल श्रेणी, अनुसूचित वर्ग के हैं। इन्हे नि:शुल्क चूजे उपलब्ध कराए गए है। साथ ही प्रत्येक को 5 किलो दाना भी आरंभ में नि:शुल्क दिया गया। हर्ष की बात है इस गांव का वातावरण कड़कनाथ के इन चूजों के लिए अनुकूल साबित हुआ है। अधिकांश चूजे सरवाइव कर गए हैं। इन्हें महू के विटनरी कॉलेज से लाया गया था, तब ये मात्र 15 दिनों के थे। श्री जादौन बताते है कि कलेक्टर श्री अवस्थी इस क्षेत्र को कड़कनाथ का पोल्ट्री हब बनाना चाहते है। गांव में और घरों में देशी रंगीन चिड़िया को पालते हुए देखकर कलेक्टर को यह आइडिया क्लिक हुआ था।
       पशुचिकित्सक विभाग के उपसंचालक डॉ. डी के वर्मा का कहना है कि अभी कड़कनाथ की उपलब्धता कम है। हमारी कोशिश है कि यहां बहुतायत में अंडे और चूजे निकलें। चूजों को नियमित रूप से टीकाकरण किया जा रहा है। बागली के पशु चिकित्सक डॉ. विकास शर्मा और परियोजना के डॉ. मिश्रा की ड्यूटी खास तौर पर यहां लगाई गई है। भविष्य में यहां हैचर सेंटर लगाकर अंडे इन्क्यूंबेट कर बच्चे निकालने की योजना है।
       आदिवासी बाहुल्य बागली ब्लॉक के इस गांव की रमकूबाई चूजे पालकर खुश है। उसका कहना है कि मुर्गियां पालने का काम हम पहले से ही कर रहे थे, लेकिन कड़कनाथ पहलीबार पाला है। गांव  की अनिता लक्ष्मण, नानकीबाई नेमीचंद, मीराबाई छगन, मीराबाई कांशीराम, फुगरीबाई पति पप्पू, बालसाबाई निर्भयसिंह, मनीता बाई राजाराम, कलाबाई अकलेश, राधाबाई कैलाश, डोजरीबाई हरेसिंह, ढुलकीबाई कमल, इंदिराबाई मोहन, ओमीबाई पंगल, लक्ष्मीबाई अमरसिंह, कलाबाई फूलसिंह, लालूबाई राकेश, ऋतुबाई लक्ष्मण, बसंतीबाई शिवभानू, सूरजबाई मदनलाल, ओरूबाई बारू इन सबकी आंखों में सपने है कि इस विशिष्ट प्रजाति की मुर्गी से अंतत: उनके घरों में खुशहाली आएगी।


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फोटो- संलग्न
        दंगा पीड़ितों को मिली अतिरिक्त सहायता
        देवास 09 सितंबर 2015/ वर्ष 1984 के दंगों में देवास जिले के 4 व्यक्तियों की हरियाणा राज्य के पलबल रेलवे स्टेशन पर हत्या हुई थी। उनके वैद्य वारिसन को भारत सरकार गृह मंत्रालय, नई दिल्ली के निर्देश अनुसार पूर्व में दी गई सहायता राशि के अतिरिक्त 5 लाख रूपए का वितरण किया गया।
       कलेक्टर आशुतोष अवस्थी ने गत दिवस देवास में वैद्य वारिसन नरेंद्र कौर, अजीत कौर, महेंद्र कौर, कुलप्रीत सिंह को यह चेक प्रदान किया।




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जनसम्पर्क विभाग द्वारा पत्रकारिता संगोष्ठी का आयोजन होगा
       देवास 09 सितंबर 2015/ जनसम्पर्क कार्यालय देवास द्वारा कलेक्टर आशुतोष अवस्थी के मार्गदर्शन में पत्रकारिता पर एक संगोष्ठी का आयोजन किया जाएगा। संगोष्ठी में मप्र के वरिष्ठ पत्रकार पद्मश्री विजयदत्त श्रीधर मुख्य वक्ता रहेंगे। भोपाल के वरिष्ठ पत्रकार एवं 'द वीक पत्रिका'  के मप्र, छत्तीसगढ़ प्रमुख दीपक तिवारी, वरिष्ठ इलेक्ट्रानिक मीडियाकर्मी एबीपी न्यूज के ब्रजेश राजपूत और लोकमत समाचार के मप्र प्रमुख व समाचार विश्लेषक शिव अनुराग पटेरिया संगोष्ठी को संबोधित करेंगे। जनसम्पर्क विभाग के उप संचालक डॉ. आरआर पटेल ने बताया है कि संगोष्ठी का विषय "वर्तमान समय की पत्रकारिता: चुनौतियां और संभावनाएं" रखा गया है। संगोष्ठी में जिला मुख्यालय के पत्रकारों के साथ ग्रामीण अंचल के अधिमान्यता प्राप्त पत्रकारों को भी आमंत्रित किया जाएगा। आयोजन की तिथि एवं रूपरेखा को जल्द अंतिम रूप दिया जाएगा।
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हिंदी की दशा और दिशा पर शैक्षणिक संस्थानों में चर्चा होगी
विश्व हिंदी सम्मेलन के संदेश को जिले में प्रसारित करने के कलेक्टर ने दिए निर्देश
       देवास 09 सितंबर 2015/ सप्ताह के दौरान स्थानीय स्कूलों के बच्चे किसी एक दिन सुविधानुसार हिंदी के नारों के साथ एक रैली का आयोजन करें, जिसमें स्थानीय स्तर के सक्रिय सृजनरत हिंदी सेवियों का नेृत्तव हो और वह शहर की मुख्य सड़कों का भ्रमण कर जो वरिष्ठ साहित्यकारों के घर जाकर उन्हें सम्मानित भी करें। यह निर्देश कलेक्टर आशुतोष अवस्थी ने उच्च शिक्षा एवं स्कूल शिक्षा विभाग को दिए हैं।
       स्कूलों, कॉलेजों और अन्य शैक्षणिक संस्थाओं में आयोजन हो जिसमें हिंदी की दशा और दिशा पर चर्चा हो, इन सभाओं में अध्यापक, शिक्षक और छात्र बड़ी संख्या में उपस्थित रहें और महत्वपूर्ण साहित्यकारों के जीवनवृत तथा सृजनकर्म पर चर्चा करें। साहित्य अकादमी द्वारा संचालित प्रत्येक जिले के पाठकमंच केंद्रों के वर्तमान तथा पूर्व संयोजकों को उपरोक्त विषय पर साहित्यिक गोष्ठियों का आयोजन करने का आग्रह कलेक्टर श्री अवस्थी ने किया है। साथ ही अपील की है कि व्यापारिक संस्थाओं और अन्य संस्थाओं के जो सूचना फलक हैं, उन्हें हिंदी में आवश्यक रूप से प्रदर्शित किया जाए।
       उल्लेखनीय है कि 10वें विश्व हिन्दी सम्मेलन का आयोजन भोपाल में 10,11 और 12 सितंबर 2015 को किया जा रहा है। यह सम्मेलन भारत में हिंदी की प्रतिष्ठा और गौरव को स्थापित करने के प्रयत्नों का एक महत्वपूर्ण प्रयास है। इसका शुभारंभ प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी 10 सितंबर को भोपाल में करने जा रहे हैं। मप्र मूलत: हिंदी भाषी प्रदेश है तथा हिंदी के विकास और संभावनाओं के लिए हम पूरी दुनिया के केंद्र में हैं। हमारा प्रयास है कि हिंदी को सर्वव्यापी समुदाय की सहज भाषा का स्थान मिले।
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फोटो-सलंग्न 

विधानसभा उप चुनाव को लेकर कलेक्टर एवं एसपी ने किया निरीक्षण
     देवास 09 सितंबर 2015/ कलेक्टर आशुतोष अवस्थी एवं पुलिस अधीक्षक अभय सिंह ने आज बुधवार को केंद्रीय विद्यालय बैंक नोट प्रेस में देवास विधानसभा उप चुनाव की तैयारियों के मद्देनजर निरीक्षण किया। इस अवसर पर एडीएम डॉ. कैलाश बुंदेला, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजेश रघुवंशी, नगर विभिन्न थाना प्रभारी एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।


हिंदी की दशा और दिशा पर शैक्षणिक संस्थानों में चर्चा होगी
विश्व हिंदी सम्मेलन के संदेश को जिले में प्रसारित करने के कलेक्टर ने दिए निर्देश
       देवास 09 सितंबर 2015/ सप्ताह के दौरान स्थानीय स्कूलों के बच्चे किसी एक दिन सुविधानुसार हिंदी के नारों के साथ एक रैली का आयोजन करें, जिसमें स्थानीय स्तर के सक्रिय सृजनरत हिंदी सेवियों का नेृत्तव हो और वह शहर की मुख्य सड़कों का भ्रमण कर जो वरिष्ठ साहित्यकारों के घर जाकर उन्हें सम्मानित भी करें। यह निर्देश कलेक्टर आशुतोष अवस्थी ने उच्च शिक्षा एवं स्कूल शिक्षा विभाग को दिए हैं।
       स्कूलों, कॉलेजों और अन्य शैक्षणिक संस्थाओं में आयोजन हो जिसमें हिंदी की दशा और दिशा पर चर्चा हो, इन सभाओं में अध्यापक, शिक्षक और छात्र बड़ी संख्या में उपस्थित रहें और महत्वपूर्ण साहित्यकारों के जीवनवृत तथा सृजनकर्म पर चर्चा करें। साहित्य अकादमी द्वारा संचालित प्रत्येक जिले के पाठकमंच केंद्रों के वर्तमान तथा पूर्व संयोजकों को उपरोक्त विषय पर साहित्यिक गोष्ठियों का आयोजन करने का आग्रह कलेक्टर श्री अवस्थी ने किया है। साथ ही अपील की है कि व्यापारिक संस्थाओं और अन्य संस्थाओं के जो सूचना फलक हैं, उन्हें हिंदी में आवश्यक रूप से प्रदर्शित किया जाए।

       उल्लेखनीय है कि 10वें विश्व हिन्दी सम्मेलन का आयोजन भोपाल में 10,11 और 12 सितंबर 2015 को किया जा रहा है। यह सम्मेलन भारत में हिंदी की प्रतिष्ठा और गौरव को स्थापित करने के प्रयत्नों का एक महत्वपूर्ण प्रयास है। इसका शुभारंभ प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी 10 सितंबर को भोपाल में करने जा रहे हैं। मप्र मूलत: हिंदी भाषी प्रदेश है तथा हिंदी के विकास और संभावनाओं के लिए हम पूरी दुनिया के केंद्र में हैं। हमारा प्रयास है कि हिंदी को सर्वव्यापी समुदाय की सहज भाषा का स्थान मिले।
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जिले में 1057.23 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज
      देवास 08 सितंबर 2015/ जारी मानसून सत्र में जिले के वर्षामापी केन्द्रों पर अभी तक औसत रूप से 1057.23 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है। अधीक्षक भू-अभिलेख से प्राप्त जानकारी के अनुसार जारी मानसून सत्र में अभी तक सर्वाधिक सोनकच्छ में 1368, खातेगांव में 1238, उदयनगर में 1138.80, कन्नौद में 1090, देवास में 1045, टोंकखुर्द में 941, बागली में 841 तथा सतवास में 796 मिमी औसत वर्षा रिकॉर्ड की गई।
24 घंटे में शून्य मिमी वर्षा दर्ज की गई
  पिछले 24 घंटों में शून्य मिमी वर्षा दर्ज की गई, जिसमें कन्नौद में, देवास में, खातेगांव में, बागली में, उदयनगर में, टोंकखुर्द में, सोनकच्छ में तथा सतवास में शून्य मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है।
गत वर्ष इस दिनांक को 13.75 मिमी वर्षा दर्ज हुई थी
    गत वर्ष 09 सितंबर को जिले में 13.75 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई, जिसमें देवास में तथा बागली में 33-33, सोनकच्छ में 21, टोंकखुर्द में 13, उदयनगर में 10, कन्नौद में, खातेगांव में तथा सतवास में शून्य मिमी वर्षा दर्ज की गई।
पिछले साल 536.38 मिमी औसत वर्षा
     अधीक्षक भू-अभिलेख से प्राप्त जानकारी के अनुसार गत मानसून सत्र में अभी तक 536.38 मिमी वर्षा दर्ज की गई थी, जिसमें सोनकच्छ में 688, उदयनगर में 589, देवास में 572, टोंकखुर्द में 543, कन्नौद में 529, बागली में 520, खातेगांव में 474, सतवास में 376 मिमी वर्षा दर्ज की गई।

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