Friday, 19 December 2014

19-12-2014
जिला जनसंपर्क कार्यालय  देवास
॥समाचार॥


जिला जनसंपर्क कार्यालय  देवास
॥समाचार॥
गुड हिमांशु कार्य अच्छा हो रहा है
कलेक्टर ने किया पाथ वे निर्माण का निरीक्षण
     देवास 19 दिसम्बर 2014/गुड हिमांशु कार्य बहुत अच्छा हो रहा है। पाथ वे निर्माण के साथ ही क्षेत्र की लैंड स्केपिंग का कार्य भी साथ साथ कराएं, जिससे यह पूरा क्षेत्र प्राकृतिक रूप से सुरम्य, हरा भरा एवं मनोहारी हो।
     कलेक्टर श्री आशुतोष अवस्थी ने आज शुक्रवार को जब मां चामुण्डा टेकरी पर शंख द्वार के पास से बनाए जा रहे पाथ वे निर्माण का कार्य देखा तो उन्होंने नगर निगम द्वारा कराए जा रहे कार्य की तारीफ करते हुए नगर निगम आयुक्त श्री हिमांशु सिंह से यह बात कही। उन्होंने कहा कि नगर निगम द्वारा जिस गति से कार्य कराया जा रहा है, उसे देखकर लगता है कि पाथ वे का निर्माण शीघ्र ही पूर्ण कर लिया जाएगा। इस अवसर पर एसडीएम धीरज श्रीवास्तव एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
‍ 4.5 हजार पौधे लगेंगे
     कलेक्टर ने निर्देश दिए कि पाथ वे के निर्माण के साथ ही इसके दोनों ओर विभिन्न किस्मों के पौधे भी लगाए जाएं। पूरे ट्रेक के दोनों ओर लगभग 4.5 हजार पौधे रोपित किए जाएंगे।
सीढ़ी मार्ग तक 700 मीटर मार्ग
     कलेक्टर एवं अन्य अधिकारियों द्वारा शंख द्वार से सीढ़ी मार्ग तक पूरे क्षेत्र का अवलोकन किया गया जिस पर 700 मीटर पाथ वे प्रथम चरण में बनाया जाएगा। सीढ़ी मार्ग से धूनी मार्ग होते हुए शंख मार्ग तक 1200 मीटर पाथ वे का कार्य दूसरे चरण में पूर्ण कराया जाएगा।
झरने, तालाब और ब्रिज
     कलेक्टर ने निर्देश दिए कि पाथ वे पर जहां जहां पानी की निकासी है उन स्थानों पर झरने तथा जहां पानी एकत्रित होता है, वहां-वहां छोटे एवं खूबसूरत तालाबों का निर्माण किया जाए। जहां-जहां आवश्यकता हो वहां लोहे के आकर्षक पुल बनाए जाएं।
सीढ़ी मार्ग की लाइट आज ही चालू कराएं
कलेक्टर ने पाथ वे के निरीक्षण के उपरांत मां चामुण्डा टेकरी की व्यवस्थाओं को भी देखा। उन्होंने सीढ़ी मार्ग पर बंद पढ़ी लाइट्स को तुरंत चालू करवाने के निर्देश एसडीएम धीरज श्रीवास्तव को दिए।
5.5 पौधे लगाएं
     कलेक्टर ने सीढ़ी मार्ग पर दुकान लगाने वाले दुकानदारों से कहा कि उन्हें 5.5 पौधे एवं ट्रीगार्ड दिए जा रहे हैं, वे अपनी दूकानों के सामने दूसरी ओर उन्हें लगाएं तथा उनकी देखभाल करें।

क्रमांक 102/1873/19-12-14
जिला जनसंपर्क कार्यालय, देवास
॥ स मा चा र ॥
त्रि-स्तरीय पंचायतों के आम निर्वाचन 2014-15
सद्भावनापूर्ण एवं मार्गदर्शी हो अधिकारियों की भूमिका
निर्वाचन संबंधी बैठक में कलेक्टर ने कहा
     देवास 19 दिसम्बर 2014/जिले में आगामी समय में होने वाले पंचायतों के निर्वाचन में जब अभ्यर्थी अपने नाम निर्देशन पत्र दाखिल करने आएं तो संबंधित रिटर्निंग अधिकारी एवं सहायक रिटर्निंग अधिकारियों की भूमिका सद्भावनापूर्ण एवं मार्गदर्शी की होनी चाहिए। यदि अभ्यर्थी के नाम निर्देशन पत्र में कोई कमी हो तो उसे बताएं तथा उसे दूर करने के लिए अभ्यर्थी को मार्गदर्शन दें।
     कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री आशुतोष अवस्थी आज जिला पंचायत के सभाकक्ष में पंचायत निर्वाचन संबंधी बैठक सह प्रशिक्षण में उक्त निर्देश दिए। बैठक में अपर कलेक्टर श्री प्रबल सिपाहा, उप जिला निर्वाचन अधिकारी, सभी रिटर्निंग अधिकारी, सहायक रिटर्निंग अधिकारी, मास्टर ट्रेनर्स एवं अन्य संबधित अधिकारी उपस्थित थे।
22 से 29 तक लिए जाएंगे नाम निर्देशन पत्र
     बताया गया कि पंचायत निर्वाचन के लिए नाम निर्देशन पत्र दाखिल करने का कार्य 22 दिसम्बर से 29 दिसम्बर तक किया जाएगा। इन दिनों संबंधित रिटर्निंग अधिकारी द्वारा नाम निर्देशन पत्र प्रातः 10.30 बजे से दोपहर 3 बजे तक प्राप्त किए जाएंगे। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि अधिकारी समय का पूरा ध्यान रखें तथा कार्य पूरी सावधानी से करें। 
प्रतीक चिन्ह आवंटन त्रुटिहीन हो
     कलेक्टर ने निर्देश दिए कि अभ्यर्थियों को दिए जाने वाले प्रतीक चिन्ह आवंटन का कार्य त्रुटिहीन हो। अभ्यर्थियों के नाम निर्देशन पत्रों का सूचीकरण वर्णमाला के क्रम में करें, जिससे प्रतीक आवंटन में किसी भी प्रकार की त्रुटि न हो। किसी भी प्रकार की काट- छांट न करें। शपथ-पत्र एवं घोषणा पत्र की अच्छी तरह से जांच करें।
आपस में एसएमएस से कम्युनीकेशन बनाए
     कलेक्टर ने निर्देश दिए सभी रिटर्निंग अधिकारी एवं कर्मचारी आपस में कम्युनीकेशन बनाए रखें। इसके लिए मोबाइल एसएमएस तथा वाट्स-अप का उपयोग करें। प्रत्येक आर.ओ. अपने सभी ए.आर.ओ का ग्रुप बनाए।
नाम वापसी 1 जनवरी तक
     अभ्यर्थिता से नाम वापस लेने की अंतिम तिथि 1 जनवरी 2015 (गुरूवार) को प्रात: 10.30 बजे से दोपहर 3.00 बजे तक निर्धारित की गई है। कोई भी उम्मीदवार अपनी अभ्यर्थिता संवीक्षा के तत्काल पश्चात से नाम वापस लेने की अंतिम तिथि 1 जनवरी 2015 के 3.00 बजे तक कार्यालयीन समय में कभी भी नाम वापस ले सकता है।

आरक्षित वर्ग प्रत्याशी के लिए जाति प्रमाण पत्र आवश्यक
     आरक्षित पदों से निर्वाचन लड़ने वाले अभ्यर्थी अपनी जाति के संबंध में प्रमाण स्वरूप विधिक दस्तावेज प्रस्तुत करे। प्रदेश में त्रि-स्तरीय पंचायत राज संस्थाओं के अंतर्गत लगभग 3.95 लाख पदधारी है, जिसमें से 50 प्रतिशत पद आरक्षित वर्गों के लिए है। पंचायत निर्वाचन में आरक्षित पद से निर्वाचन लड़ने वाले अभ्यर्थी से यह अपेक्षा रहेगी कि वह नाम निर्देशन पत्र के साथ मध्यप्रदेश शासन के सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी शासन द्वारा निर्धारित विहित प्रारूप में जाति प्रमाण-पत्र संलग्न करे। यदि अभ्यर्थी के पास नाम निर्देशन पत्र भरते समय जाति प्रमाण पत्र उपलब्ध नहीं है तो अभ्यर्थी इस वर्ग का सदस्य होने के बाबत, जिसके लिए स्थान आरक्षित है, अपना जाति संबंधी शपथ पत्र नाम निर्देशन पत्र की संवीक्षा प्रारंभ होने के पूर्व रिटर्निंग ऑफिसर के समक्ष प्रस्तुत कर सकेगा। मध्यप्रदेश शासन के सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी जाति प्रमाण पत्र प्रस्तुत न करने अथवा आरक्षित वर्ग का सदस्य होने बाबत शपथ पत्र प्रस्तुत नहीं करने की स्थिति में अभ्यर्थी का नाम निर्देशन पत्र निरस्त किया जाएगा।  

घोषणा पत्र एवं सार पत्र भरना होगा
     ग्राम पंचायत के पंच पद का प्रत्येक अभ्यर्थी अपने नाम निर्देशन-पत्र के साथ एक घोषणा-पत्र एवं उसके साथ ही एक सार पत्र प्रस्तुत करेगा। इनमें उसकी आस्तियों, दायित्वों, शैक्षणिक योग्यताओं एवं आपराधिक पृष्ठभूमि (यदि एसे अवस्था हो) आदि की जानकारी दी जाएगी। अभ्यर्थी द्वारा घोषणा पत्र एवं उसके सार पत्र के प्रत्येक कॉलम में प्रविष्टि की जाएगी। यदि  किसी कॉलम की जानकारी निरंक है, तो उस कॉलम में निरंक शब्द अंकित करना आवश्यक होगा। अवगत कराने के पश्चात भी यदि कोई अभ्यर्थी इन्हें भरने में असफल रहता है तो नाम निर्देशन- पत्र की जांच, संवीक्षा के समय रिटर्निंग ऑफिसर द्वारा नाम ‍निर्देशन -पत्र खारिज किया जाएगा। नाम ‍निर्देशन में किसी प्रकार की कांट छांट नहीं होनी चाहिए।
                       



                        अदेय प्रमाण-पत्र देना होगा
     मध्यप्रदेश पंचायत राज एवं ग्रामस्वराज अधिनियम 1993 की धारा 36 (1) में किए गए संशोधन उपरांत मप्र राज्य विद्युत कम्पनी लिमिटेड या उसकी उत्तवर्ती कंपनियों के शोध्यों के बकाया, जो निर्वाचन की घोषणा की तारीख से 6 माह से अधिक की कालावधि के होंगे जिन पर ऐसे शोध्य बकाया होंगे, ऐसे व्यक्ति निर्वाचन के लिए निरर्हता की श्रेणी में आ जाएंगे। पंचायत निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी को मप्र विद्युत कंपनी लिमिटेड का अदेय प्रमाण-पत्र अपने नाम निर्देशन के साथ प्रस्तुत करना होगा।
शपथ-पत्र प्रस्तुत करना होगा
     अभ्यर्थी को जिला पंचायत के सदस्य/जनपद पंचायत के सदस्य/ ग्राम पंचायत के सरपंच के स्थान/ स्थानों को भरने के निर्वाचन में नाम निर्देशन- पत्र के साथ एक शपथ-पत्र एवं उसके साथ शपथ-पत्र का सार नामक दस्तावेज प्रस्तुत करना होगा। शपथ -पत्र का सार नामक यह दस्तावेज मूल शपथ-पत्र का ही हर प्रकार से अंग माना जाएगा। इनमें उसकी आस्तियों, दायित्वों, शैक्षणिक योग्यताओं एवं आपराधिक पृष्ठभूमि आदि की जानकारी दी जाएगी।
क्रमांक 97/1868/19-12-14
जिला दंडाधिकारी द्वारा हथियार निलंबित
21 दिसंबर तक थानों में जमा करें
     देवास, 19 दिसंबर 2014/ देवास जिले में द्वितीय चरण के अंतर्गत विकासखंड देवास, टोंकखुर्द, सोनकच्छ एवं तृतीय चरण में बागली, कन्नौद एवं खातेगांव क्षेत्र में चुनाव सम्पन्न होंगे। शांति एवं सुरक्षा की दृष्टि से जिले में प्रचलित (नगरीय क्षेत्र को छोड़कर) शस्त्र लायसेंसी हथियार थानों में जमा कराए जाने के लिए, ताकि चुनाव के दौरान हथियारों का दुरूपयोग न हो सके, मप्र राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देश के अनुक्रम में देवास जिले में प्रचलित समस्त हथियारों के लायसेंस तत्काल प्रभाव से कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री आशुतोष अवस्थी द्वारा निलंबित किए गए है। समस्त आर्म्स लायसेंसी शस्त्र संबंधित क्षेत्र के पुलिस थाने में 21 दिसंबर 2014 तक जमा कराएं।
     उक्त आदेश उन लोक सेवकों, जिन्हें निर्वाचन के दौरान शांति एवं सुरक्षा तथा अपराधों को रोकने के लिए शस्त्र रखना आवश्यक है, पर लागू नहीं होगा। इनमें सीआईएसएफ जवान, बीएसएफ, बीएनपी में तैनात सुरक्षा कर्मचारी तथा ग्रामीण क्षेत्र में संचालित बैंक/ एटीएम एवं अन्य संस्था में नियुक्त्‍ सुरक्षाकर्मी शामिल होंगे।
क्रमांक 98/1869/19-12-14

जिला जनसंपर्क कार्यालय, देवास
॥ स मा चा र ॥
त्रि-स्तरीय पंचायतों के आम निर्वाचन 2014-15
बिना अनुमति लाउड स्पीकर का उपयोग प्रतिबंधित
     देवास, 19 दिसंबर 2014/ जिले में होने वाले त्रि-स्तरीय पंचायत निर्वाचन 2014-15 के अंतर्गत विकासखंड देवास, सोनकच्छ, टोंकखुर्द, बागली, कन्नौद तथा खातेगांव की राजस्व सीमा में ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग चुनाव अवधि के दौरान संबंधित राजनैतिक दलों के अभ्यर्थी तथा समर्थकों द्वारा सुबह 6.00 बजे से रात्रि 10.00 बजे तक सक्षम अधिकारी/ संबंधित रिटर्निंग अधिकारी से अनुमति प्राप्‍त करने के पश्चात ही किया जाएगा। इसी तरह किसी जनसभा, मीटिंग या जुलूस में ध्वनि विस्तारक यंत्र का उपयोग करने के पूर्व सक्षम अधिकारी से अनुमति प्राप्त करना आवश्यक होगा। कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री आशुतोष अवस्थी ने यह आदेश जारी किया है।
     किसी भी राजनैतिक दल के अभ्यर्थी एवं समर्थकों द्वारा निर्धारित अवधि प्रात: 6.00 बजे से रात्रि 10.00 बजे तक ध्वनि विस्तारक यंत्र का उपयोग बिना सक्षम अधिकारी की स्वीकृति के करना पाए जाने पर पुलिस द्वारा राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देशों के तहत वाहन मय ध्वनि विस्तारक यंत्र के जप्त कर लिया जाएगा तथा संबंधित के विरूद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
अनुमति लेना होगा आवश्यक
     कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री आशुतोष अवस्थी ने आदेश जारी किया हैं कि सभी राजनैतिक दल, अभ्यर्थी व अन्य कोई व्यक्ति जो ध्वनि विस्तारक यंत्र का उपयोग चलित वाहन में कर रहा हो तो, उसे अनुमति देने वाले सक्षम अधिकारी को वाहन का रजिस्ट्रेशन/पंजीयन नंबर देना होगा, और प्राप्त अनुमति को स्पष्ट रूप से वाहन पर चस्पा कर प्रदर्शित करना होगा।
अनुमति न होने पर होगी कार्रवाई
     यदि चुनाव प्रचार के अंतर्गत ध्वनि विस्तारक यंत्र लगा पाया जाता है और उसके पास ध्वनि विस्तारक यंत्र के उपयोग करने की लिखित अनुमति न हो तो उसके विरूद्ध तत्काल नियमानुसार कार्रवाई कर वाहन पुलिस द्वारा जप्त कर लिया जाएगा।
क्रमांक 99/1870/19-12-14

जिला जनसंपर्क कार्यालय, देवास
॥ स मा चा र ॥
त्रि-स्तरीय पंचायतों के आम निर्वाचन 2014-15
सम्पत्ति विरूपति करने पर होगी दंडात्मक कार्रवाई
कलेक्टर ने किए लोक सम्पत्ति सुरक्षा दस्ते गठित
     देवास, 19 दिसंबर 2014/ सम्पत्ति विरूपण निवारण अधिनियम 1994 की धारा 3 के अंतर्गत यदि कोई भी व्यक्ति सार्वजनिक या निजी सम्पत्ति को स्याही, खड़िया, रंग, पोस्टर, बैनर, फ्लेक्स या किसी अन्य पदार्थ से लिखकर या चिंहित करके उसके विरूपित करेगा, वह जुर्माने से दंडनीय होगा। कलेक्टर श्री आशुतोष अवस्थी ने इस अधिनियम का सख्ती से पालन के निर्देश दिए है।
     जिले के प्रत्येक थाने में लोक सम्पत्ति सुरक्षा दस्ता तत्काल प्रभाव से स्थापित किया गया है। इस दस्ते में लोक निर्माण विभाग एवं संबंधित जनपद/ग्राम पंचायत के स्थायी गैंग के पर्याप्त संख्या में कर्मचारी पदस्थ रहेंगे, तथा यह दल मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत एवं संबंधित क्षेत्र के थाना प्रभारी के सीधे देख-रेख में कार्य करेगा। इन दस्तों को एक-एक वाहन भी उपलब्ध कराया जाएगा, जिस पर लोक सम्पत्ति सुरक्षा दस्ता का बैनर लगा होगा। लोक सम्पत्ति सुरक्षा दस्ता निर्वाचन की समाप्ति तक अपने-अपने क्षेत्र में प्रतिदिन भ्रमण करते हुए लोक सम्पत्तियों को विरूपति होने से रोकेगा।
     यदि किसी व्यक्ति, राजनैतिक दल या चुनाव लड़ने वाले अभ्यर्थी द्वारा किसी निजी सम्पत्ति को बिना उसके स्वामी द्वारा लिखित सहमति के विरूपित किया जाता है तो निजी सम्पत्ति के स्वामी द्वारा संबंधित थाने में सूचना रिपोर्ट दर्ज कराने के बाद लोक सम्पत्ति सुरक्षा दस्ता निजी सम्पत्ति को विरूपित होने से बचाने की कार्रवाई करेगा, एवं थाना प्रभारी संबंधित प्रथम सूचना रिपोर्ट के आधार पर विधिवत जांचकर सक्षम न्यायालय में चालान प्रस्तुत करेंगे।
क्रमांक 100/1871/19-12-14
वाहन एवं सभा स्थल की अनुमति देंगे रिटर्निंग अधिकारी
     देवास, 19 दिसंबर 2014/ निर्वाचन से संबंधित वाहन/आम सभाओं के स्थल आदि की अनुमति दिए जाने के लिए क्षेत्र रिटर्निंग अधिकारी/सक्षम अधिकारी को अधिकृत किया गया है। इस संबंध में  कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री आशुतोष अवस्थी ने आदेश जारी किए हैं।
     संबंधित त्रि-स्तरीय पंचायतों के रिटर्निंग अधिकारी/सक्षम अधिकारी अनुमति देने के पूर्व पुलिस प्रशासन से आवश्यकता अनुसार समन्वय स्थापित कर नियमानुसार अनुमति प्रदान करेंगे।
क्रमांक 101/1872/19-12-14

शालाओं में विद्युत व्यवस्था दुरुस्त करने और सुरक्षा उपाय के निर्देश
      देवास 19 दिसम्बर 2014/राज्य शासन ने प्रदेश की शालाओं में विद्युत व्यवस्था को दुरुस्त करवाने और अन्य सुरक्षात्मक उपाय अपनाने के निर्देश सभी शिक्षा अधिकारी एवं डीपीसी को दिये हैं। जिलों को निर्देशों का कड़ाई से पालन करवाने को कहा गया है।
    शालाओं में विद्युत उपकरणों के उपयोग के संबंध में विद्यार्थियों द्वारा अपनाई जाने वाली सावधानी से उन्हें अवगत करवाने को कहा गया है। उपकरणों से होने वाली संभावित दुर्घटना से कैसे बचा जा सकता है, इसकी जानकारी सभी विद्यार्थी को देने को कहा गया है। शाला परिसर में विद्युत कनेक्शन में अर्थिंग की उचित व्यवस्था विद्युतीकरण के समय ही होना चाहिए। शालाओं में अवैध कनेक्शन या जोड़-तोड़ से विद्युत-व्यवस्था कतई नहीं की जाये। सावधानी रखी जाये कि बिजली के तार खुले न रहे।
    नये शाला भवन का अधिग्रहण करते समय या विद्युतीकरण के पूर्व पीडब्ल्यूडी से इस बात की जाँच करवाने को कहा गया है कि उसमें मानक गुणवत्ता/आईएसआई मार्क का उपयोग किया गया है।
   शालाओं में किसी भी स्थिति में मेटेलिक वस्तु एवं पानी वाली जगह पर बिजली के तार खुले न रहे। विद्युतीकरण के लिए एम.सी.बी. स्थापित कर उसका उपयोग अनिवार्य रूप से किया जाये। विद्युत उपकरण, स्विच बोर्ड, स्विच आदि बच्चों की पहुंच से दूर लगवाये जाये तथा उनका उपयोग अधिकृत व्यक्ति से ही करवाया जाये।
   विद्युत उपकरण रखने के स्थान तथा स्विच बोर्ड के आसपास नमी/आद्रता नहीं होना चाहिये। ऐसे स्थान जहां बिजली सप्लाई के तार, स्विच बोर्ड उपकरण हो वहाँ 'सावधान' या 'खतरनाक' का बोर्ड या पट्टिका लगवाकर इसकी जानकारी विद्यार्थियों को दी जाये। सुरक्षा की दृष्टि से वर्षा के दौरान आवश्यक होने पर मेन-स्विच बंद रखा जाये।
   विद्युत प्रवाह के कारण यदि कोई विद्यार्थी या व्यक्ति प्रभावित होता है तो उसे बचाने के लिए सूखे बाँस के उपयोग की जानकारी सभी को दी जाये। बिजली संबंधी सभी कार्य लायसेंसधारी वायरमेन/कुशल इलेक्ट्रिशियन से ही करवाये जाये। कक्षाओं में बिजली के वायर की टेपिंग नहीं करवाने को कहा गया है। खुले वायर सुव्यवस्थित हो तथा विद्यार्थियों की पहुंच से दूर होना चाहिए।
क्रमांक 103/1874/19-12-14



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